जलपरी
बस एक जलपरी आये कहीं से, ले जाए दूर मुझे इस जमी से, उस जहां में जहाँ मैं भूल जाऊं सभी को , जो हुआ, जो होगा, जो हो रहा, सभी कुछ। बस नीला नीला सा पानी हो या उजली उजली सी बरफ , मैं रहूँ उसमे, वो, और गहरा समंदर हर तरफ, ख्वाब ही में सही, झूठी आये तो सही , मुझे क्या समझ क्या गलत क्या सही, तसल्ली भर ही हो जाए तो सही। ...